13 May 2026May Diwas
Delhi
May celebrations at jain Bhawan
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मई दिवस, जिसे अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस भी कहा जाता है, प्रत्येक वर्ष 1 मई को मनाया जाता है। यह दिन मेहनतकश मजदूरों और श्रमिकों के सम्मान तथा उनके अधिकारों की रक्षा के लिए समर्पित है। दुनिया भर में यह दिवस श्रमिकों के संघर्ष, एकता और योगदान को याद करने के लिए मनाया जाता है। इसकी शुरुआत वर्ष 1886 में अमेरिका के शिकागो शहर में हुई थी, जब मजदूरों ने प्रतिदिन 8 घंटे काम करने की मांग को लेकर आंदोलन किया था। इस संघर्ष में कई श्रमिकों ने अपने प्राणों का बलिदान दिया, जिसके सम्मान में 1 मई को मजदूर दिवस घोषित किया गया।
भारत में मई दिवस पहली बार वर्ष 1923 में चेन्नई में मनाया गया था। इस दिन विभिन्न संस्थाओं, फैक्ट्रियों और संगठनों में कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। श्रमिकों को उनके अधिकारों, सुरक्षा, उचित वेतन और बेहतर कार्य परिस्थितियों के प्रति जागरूक किया जाता है।
श्रमिक किसी भी देश की प्रगति की रीढ़ होते हैं। भवन निर्माण, खेती, उद्योग, परिवहन और अन्य अनेक क्षेत्रों में उनका योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि श्रमिक न हों, तो विकास की कल्पना भी नहीं की जा सकती। इसलिए समाज और सरकार का कर्तव्य है कि वे श्रमिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए उचित कदम उठाएँ।
मई दिवस हमें यह संदेश देता है कि हर श्रमिक का सम्मान होना चाहिए और उन्हें समान अधिकार तथा सम्मानजनक जीवन मिलना चाहिए।